पुरुषोत्तम मास में करें ये 4 उपाय, चंद दिनों में बदल जाएगी तकदीर
मलमास के महीने में प्रतिदिन सृष्टि के संचालक भगवान विष्णु और धन की अधिष्ठात्री मां लक्ष्मी की पूजा-अर्चना की जाती है। इस महीने को भगवान ने अपना नाम दिया है। अतः मलमास को पुरुषोत्तम मास भी कहा जाता है। इस मास के स्वामी स्वयं नारायण हैं। वर्तमान समय में चातुर्मास भी चल रहा है। चातुर्मास के दौरान भगवान विष्णु क्षीर सागर में विश्राम करते हैं। अतः चातुर्मास में नारायण की उपासना का विशेष महत्व है। धार्मिक मान्यता है कि मलमास के महीने में भगवान विष्णु की पूजा-उपासना करने से अक्षय फल की प्राप्ति होती है। साथ ही घर में सुख, समृद्धि और खुशहाली आती है। मलमास महीने में भगवान विष्णु को प्रसन्न करने हेतु विशेष उपाय भी किए जाते हैं। इन उपायों को करने से साधक को सभी प्रकार के सांसारिक कष्टों से मुक्ति मिलती है। आइए, इन उपायों को जानते हैं-
पुरुषोत्तम मास में करें ये उपाय
- भगवान विष्णु को तुलसी अति प्रिय है। अतः मलमास के महीने में गुरुवार के दिन स्नान-ध्यान कर तुलसी का पौधा घर में लगाएं। अगर पूर्व से घर में तुलसी का पौधा लगा है, तो रोजाना तुलसी माता को जल का अर्घ्य दें। धन प्राप्ति के लिए कच्चे दूध से अर्घ्य दें।
- धर्म ग्रंथों में निहित है कि पीपल के पेड़ में भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी निवास करते हैं। इसलिए मलमास के महीने में पीपल के पेड़ में जल का अर्घ्य दें। साथ ही दीपक जलाकर नारायण की आरती करें। ऐसा करने से जीवन में व्याप्त सभी दुख और संताप दूर हो जाते हैं।
- भगवान श्रीकृष्ण को गाय अति प्रिय है। अतः पुरुषोत्तम मास में प्रतिदिन भगवान श्रीकृष्ण की विधिवत पूजा करें। पूजा के पश्चात गौ माता को रोटी में घी लगाकर खिलाएं। इस उपाय को करने से भगवान श्रीकृष्ण प्रसन्न होते हैं। उनकी कृपा से साधक के सभी दुख दूर हो जाते हैं।
- अगर आप आर्थिक तंगी से छुटकारा पाना चाहते हैं, तो मलमास महीने में प्रतिदिन तुलसी माता की पूजा करें। साथ ही शुद्ध घी के दीपक जलाकर आरती करें। इस उपाय को करने से साधक को भगवान विष्णु का आशीर्वाद प्राप्त होता है। उनकी कृपा से आय और सौभाग्य में वृद्धि होती है।
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