कल्कि अवतार क्या है?क्या है कल्कि पुराण और मान्यताये?

आजकल कल्कि अवतार शोसल मीडिया पर छाया हुआ है कल्कि अवतार पर एक बड़ी बजट की फ़िल्म भी बनी वैश्विक स्तर पर, 'कल्कि 2898 एडी' अपने बॉक्स ऑफिस प्रदर्शन से धूम मचा रही है। दुनिया भर में इसकी कमाई 832.2 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है, जबकि भारत में इसकी कमाई 510.05 करोड़ रुपये है। 'कल्कि 2898 एडी' को भारत में बनी अब तक की सबसे महंगी फिल्म बताया जा रहा है, जिसका बजट 600 करोड़ रुपये बताया जा रहा है लेकिन आखिर क्या है कल्कि अवतार, कल्कि पुराण तो आइये जानते है:जगदीश शुक्ला की खास रिपोर्ट

कल्कि अवतार क्या है?क्या है कल्कि पुराण और मान्यताये?
कल्कि अवतार क्या है?क्या है कल्कि पुराण और मान्यताये?
कल्कि अवतार क्या है?क्या है कल्कि पुराण और मान्यताये?

INDIA NEWS REPORT

 जगदीश शुक्ला की खास रिपोर्ट

डेस्क:वैष्णव ब्रह्माण्ड विज्ञान के अनुसार अन्तहीन चक्र वाले चार कालों में से अन्तिम कलियुग के अन्त में हिन्दू भगवान विष्णु के दसवें अवतार माने जाते हैं।जब भगवान कल्कि देवदत्त नाम के घोड़े पर आरूढ़ होकर तलवार से दुष्टों का संहार करेंगे तब सतयुग का प्रारंभ होगा।

धर्म ग्रंथों के अनुसार कलयुग में भगवान विष्णु कल्कि रूप में अवतार लेंगे। कल्कि अवतार कलियुग व सतयुग के संधिकाल में होगा।

पुराणकथाओं के अनुसार कलियुग में पाप की सीमा पार होने पर विश्व में दुष्टों के संहार के लिये कल्कि अवतार प्रकट होगा।

कल्कि पुराण हिन्दुओं के विभिन्न धार्मिक एवं पौराणिक ग्रंथों में से एक हैं यह एक उपपुराण है। इस पुराण में भगवान विष्णु के दसवें तथा अन्तिम अवतार की भविष्यवाणी की गयी है और कहा गया है कि विष्णु का अगला अवतार (महा अवतार) "कल्कि अवतार होगा। इसके अनुसार ४,३२० वीं शती में कलियुग का अन्त के समय कल्कि अवतार लेंगें।

क्या लिखा है कल्कि पुराण में?

कल्कि पुराण के अनुसार कलयुग में भगवान विष्णु कल्कि रूप में अवतार लेंगे। कल्कि अवतार कलियुग व सतयुग के संधिकाल में होगा। यह अवतार 64 कलाओं से युक्त होगा। पुराणों के अनुसार उत्तरप्रदेश के मुरादाबाद जिले के शंभल नामक स्थान पर विष्णुयशा नामक तपस्वी ब्राह्मण के घर भगवान कल्कि पुत्र रूप में जन्म लेंगे।

कल्कि भगवान का जन्म कब होगा?

पुराणों के अनुसार कलयुग 432000 साल का होगा और भगवान कल्कि का जन्म कलयुग की समाप्ति पर होगा। पुराणों में यह भी जिक्र है कि भगवान कल्कि का जन्म सावन महीने के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को संभल नामक स्थान पर विष्णुयशा नाम के एक ब्राह्मण परिवार में होगा।

कल्कि अवतार को भगवान विष्णु का भविष्य का 10वां अवतार माना जाता है। यह अवतार कब होगा, कहां होगा और कैसा होगा। आइये जानते हैं 10 खास बातें

1. पुराणों में कल्कि अवतार के कलियुग के अंतिम चरण में आने की भविष्यवाणी की गई है। कल्कि अवतार कलियुग व सतयुग के संधिकाल में होगा। मत्स्य पुराण के द्वापर और कलियुग के वर्णन में कल्कि के होने का वर्णन मिलता है।

2. पुराणों में कल्कि अवतार के संभल ग्राम में जन्म लेने की भविष्यवाणी है। संभल ग्राम उत्तर प्रदेश और ओड़ीसा में है। स्कंद पुराण के दशम अध्याय में स्पष्ट वर्णित है कि कलियुग में भगवान श्रीविष्णु का अवतार श्रीकल्कि के रुप में सम्भल ग्राम में होगा।

3. पुराणों में बताया गया है कि कलियुग के अंत में भगवान कल्कि अवतरित होंगे। वे एक सफेद घोड़े पर बैठ कर आएंगे और राक्षसों का नाश कर देंगे। कल्कि देवदत्त नामक घोड़े पर सवार होकर संसार से पापियों का विनाश करेंगे और धर्म की पुन:स्थापना करेंगे।

4. कल्कि नाम से एक पुराण भी है।

5. यह अवतार 64 कलाओं से युक्त होगा।

6. विष्णुयशा नामक तपस्वी ब्राह्मण के घर भगवान कल्कि पुत्र रूप में जन्म लेंगे।

7. 'अग्नि पुराण' के सौलहवें अध्याय में कल्कि अवतार का चित्रण तीर-कमान धारण किए हुए एक घुड़सवार के रूप में किया हैं और वे भविष्य में होंगे।

8. कल्कि पुराण के अनुसार वह हाथ में चमचमाती हुई तलवार लिए सफेद घोड़े पर सवार होकर, युद्ध और विजय के लिए निकलेगा म्लेच्छों को पराजित कर सनातन राज्य स्थापित करेगा।

9. कल्कि अवतार के नाम पर वर्तमान में धर्म का धंधा चल रहा है। लोगों ने मंदिर बना लिए हैं। उनके भजन, आरती और चालीसा भी बन चुके हैं। उनके नाम पर फंड भी एकत्रित किया जाता है।

10. कल्कि अवतार को लेकर भ्रम और मतभेद भी मौजूद हैं। बहुतों का कहना है कि वे हो चुके हैं। बहुतों का कहना है कि उन्होंने जन्म ले लिया है और वे समय पर सामने आएंगे। असल में यह कोई नहीं जानता है कि वे कब होंगे या हो चुके हैं या अभी वर्तमान में हैं।

कल्कि अवतार का सच क्या है?

दरअसल, कल्कि भगवान विष्णु के आखिरी अवतार माने जाते हैं. कल्कि पुराण और अग्नि पुराण के अनुसार, श्री हरि का 'कल्कि' अवतार कलियुग के अंत में अवतरित होगा. उसके बाद धरती से सभी पापों और बुरे कर्मों का विनाश होगा. अग्नि पुराण के 16वें अध्याय में कल्कि अवतार का चित्रण तीर-कमान धारण किए हुए एक घुड़सवार के रूप में किया गया है।

कल्कि का अवतार क्यों होगा?

कलयुग के अंत में शैतानों का शैतान, पूर्व में उत्पन्न हुए सभी राक्षसों से क्रूर और महाधूर्त कलि या काली उत्पन्न होगा , जिसका वध करने भगवान विष्णु दसवां और अंतिम कल्कि अवतार लेंगे।

कल्कि के आने से क्या होगा?

वह राजा बनेगा, एक "चक्र प्रवर्तक" और विजयी होगा। वह सभी बर्बर और लुटेरों को खत्म कर देगा, अधर्म को खत्म कर देगा, धर्म को फिर से शुरू करेगा और अच्छे लोगों को बचाएगा। उसके बाद, मानवता बदल जाएगी और स्वर्ण युग शुरू हो जाएगा, ऐसा हिंदू पांडुलिपियों में लिखा है।

कल्कि अवतार की पत्नी एवं पुत्र कौन होगा?

भगवान कल्कि के दो विवाह होंगे, पहली पत्नी लक्ष्मी रूप पद्मा होंगी तो दूसरी पत्नी माता वैष्णो देवी का शक्तिरूप रमा होगी. भगवान कल्कि के 4 पुत्र होंगे जिनके नाम जय, विजय, मेघवाल और बलाहक होंगे. कल्कि पुराण में भगवान विष्णु के ही कल्कि अवतार में जन्म लेने का वर्णन मिलता है।

Disclaimer: सभी जानकारी मान्यताओ, ग्रन्थों, के आधार पर संग्रहित की गई है इंडिया न्यूज रिपोर्ट पूर्णतः इसकी पुष्टि नही करता है ना ही अंधविश्वास को बढ़ावा देता है।