अवैध असलहे की तश्करी करने वाला चढ़ा लंका थाना प्रभारी के हत्थे

बिहार से लाकर वाराणसी में देशी तमंचा की सप्पलाई करने वाला आशुतोष द्विवेदी को वाराणसी लंका की पुलिस ने अवैध देशी 315 बोर तमंचा व जिन्दा कारतूस के साथ किया गिरफ्तार: जगदीश शुक्ला

अवैध असलहे की तश्करी करने वाला चढ़ा  लंका थाना प्रभारी के हत्थे
वाराणसी लंका पुलिस को मिली सफलता अवैध तमंचा व कारतूस के साथ अभियुक्त गिरफ्तार

जगदीश शुक्ला

INDIA NEWS REPORT

 वाराणसी:पुलिस आयुक्त वाराणसी मोहित अग्रवाल के अपराध व अपराधियो पर अंकुश लगाये जाने अवैध शस्त्रों की बरामदगी के निर्देश के अनुपालन में लंका पुलिस को सफलता मिली ।

    थाना प्रभारी निरीक्षक लंका शिवाकांत मिश्रा ने गढ़वा घाट आश्रम के पीछे ताड के बगीचे से अभियुक्त आशुतोष द्विवेदी उर्फ रीवा को देशी तमंचा व जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार कर लिया । मुखबिर ए खास की सूचना पर विश्वास करते हुए लंका थाना प्रभारी शिवाकांत मिश्रा ने आशुतोष द्विवेदी को उस समय गिरफ्तार किया जब वो किसी ग्राहक को अवैध तमंचा व कारतूस बेचने की फिराक में था।

   

अभियुक्त ने बताया-

   अभियुक्त आशुतोष द्विवेदी उर्फ पंडित उर्फ रीवा पुत्र ज्ञानेंद्र द्विवेदी वर्तमान पता मलहिया, रमना थाना लंका उम्र 22 वर्ष ने बताया कि वो मूल रूप से मुडिला ,गढ़, रीवा,मध्य प्रदेश का निवासी है जो कि बिहार से 3000₹ में तमंचा व कारतूस लाकर वाराणसी में ग्राहक की तलाशकर दुगने दामों में बेच देता है और अपने शौक इसी से पूरा करता है आज भी वो ग्राहक की तलाश में था तभी आप लोग (लंका पुलिस) आ गये मेरे पास एक तमंचा व कारतूस (315) था इसलिए घबराकर भागने का प्रयास किया लेकिन आप लोगो द्वारा पकड़ लिया गया।

लंका प्रभारी निरीक्षक ने दी जानकारी- 

       लंका थाना प्रभारी निरीक्षक शिवाकांत मिश्रा ने बताया कि अभियुक्त आशुतोष द्विवेदी के ऊपर पूर्व में भी लंका थाने में कई मुकदमे पंजीकृत है ।

      अपनी टीम के साथ मुखबिर की खास सूचना पर स्थान पर पहुंचे तो आशुतोष द्विवेदी भागने लगा जिसे हम लोगो द्वारा गिरफ्तार कर लिया गया है आशुतोष द्विवेदी के पास से जिंदा कारतूस और तमंचा 315 बोर बरामद कर मुकदमा पंजीकृत किया गया है।

 टीम में प्रभारी निरीक्षक लंका के साथ रमना चौकी इंचार्ज अश्वनी कुमार राय,कांस्टेबल पुरुषोत्तम मिश्रा,कांस्टेबल ऋषिकेश राय, कांस्टेबल आशीष तिवारी, कांस्टेबल हृदेश कुमार साथ थे।