अंबेडकरनगर: IPS आशुतोष मिश्रा की मां की मौत पर भ्रामक खबरें, बोले- "जेवर बरामदगी का दावा झूठा, हमारी इमेज खराब की"

16 अगस्त को रूढ़ा गांव में 91 वर्षीय इंद्रा मिश्रा का शव मिला था। पोस्टमार्टम में मौत का कारण स्पष्ट नहीं। पुलिस ने लूट-हत्या का केस दर्ज किया।

अंबेडकरनगर:  IPS आशुतोष मिश्रा की मां की मौत पर भ्रामक खबरें, बोले- "जेवर बरामदगी का दावा झूठा, हमारी इमेज खराब की"

अंबेडकरनगर,  

उत्तर प्रदेश के अंबेडकरनगर जिले में IPS आशुतोष मिश्रा की मां की संदिग्ध मौत के मामले में सोशल मीडिया और कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में चल रही लूट और जेवर बरामदगी की खबरों को IPS आशुतोष मिश्रा ने सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने इन खबरों को भ्रामक और गैर-जिम्मेदाराना बताया।

क्या है पूरा मामला

मालीपुर थाना क्षेत्र के रूढ़ा गांव निवासी IPS आशुतोष मिश्रा की 91 वर्षीय मां इंद्रा मिश्रा का शव 16 अगस्त को उनके घर में मिला था। शव की हालत संदिग्ध थी। मृतका के मुंह में तौलिया ठूंसा हुआ था, होंठों पर चोट व खून के निशान थे। साथ ही शरीर पर मौजूद सोने की चेन, तुलसी माला में सोने की गुड़िया, कुंडल, पायल, नथुनी आदि आभूषण गायब थे।

घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। IPS आशुतोष मिश्रा की तहरीर पर मालीपुर थाने में हत्या और लूट की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर पोस्टमार्टम कराया गया।

फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार

पोस्टमार्टम में मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो सका। डॉक्टरों के पैनल ने विसरा सुरक्षित किया है और हृदय को हिस्टोपैथोलॉजिकल जांच के लिए FSL भेजा गया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की अंतिम वजह स्पष्ट होगी। फिलहाल पुलिस कई लोगों से पूछताछ कर रही है।

"बिना पुष्टि खबर चलाकर IPS की इमेज खराब की"

इसी बीच कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि लूट के गहने घर से ही बरामद हो गए हैं और हत्या-लूट की कहानी झूठी है। इस पर IPS आशुतोष मिश्रा ने कड़ी आपत्ति जताई।

उन्होंने कहा, _"अगर हमारे घर से जेवर बरामद हो गए होते, तो क्या हम पुलिस को नहीं सौंपते? क्या मालीपुर पुलिस आकर उसे कानूनी रूप से जब्त नहीं करती? बिना किसी आधिकारिक पुलिस पुष्टि के यह अफवाह फैलाई गई।"_

IPS ने आगे कहा, _"इस टाइप की सूचनाएं निकाल दे रहे हैं। इनके पास ना तो पुलिस की कोई रिपोर्ट होगी, ना मेरे घर आकर के पूछे। आपने तो पूरे IPS को ही बदनाम कर दिया मेरे नाते।"_ 

उन्होंने कहा कि ऐसी खबरों का खंडन पुलिस प्रशासन को करना चाहिए था, लेकिन ऐसा न होने पर उन्हें खुद सामने आना पड़ा। इन अफवाहों से उनका पूरा परिवार और रिश्तेदार गहरे मानसिक आघात में हैं।

वैज्ञानिक जांच की मांग

IPS आशुतोष मिश्रा ने मामले की वैज्ञानिक तरीके से जांच की मांग की। उन्होंने कहा, _"इस मामले में दूध का दूध और पानी का पानी होना चाहिए। जांच में कोई जल्दबाजी न की जाए। चाहे एक महीना लगे या 2 महीने, वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर सच्चाई सामने लाई जाए। किसी निर्दोष को प्रताड़ित न किया जाए।"_

पुलिस ने भी मीडिया में चल रही जेवर बरामदगी की खबरों को खारिज किया है।

---

नोट:इस खबर में दी गई सभी जानकारी IPS आशुतोष मिश्रा के बयान और पुलिस के आधिकारिक रुख पर आधारित है।