"सड़क नहीं तो स्कूल नहीं" - Gen Alpha ने रोका हाईवे, पुलिस ने बच्चों को घसीटा , "पढ़ने दो" की मांग पर लात-घूंसे! महोबा में बच्चों पर पुलिस का बर्बर एक्शन
बरसात में 3 घंटे जाम, आरोप: छात्रों को दी गई माता-पिता के खिलाफ कार्रवाई और लाठीचार्ज की धमकी
महोबा, 20 अगस्त 2026 : महोबा के झांसी-मिर्जापुर हाईवे पर मंगलवार को उस वक्त हंगामा हो गया जब रैपुरा कलां गांव के स्कूली बच्चों ने खराब सड़क और जलभराव से तंग आकर हाईवे जाम कर दिया। बरसात के बीच करीब 3 घंटे तक चले इस प्रदर्शन में बच्चों ने अपनी बुनियादी मांग के लिए आवाज उठाई, लेकिन आरोप है कि मौके पर पहुंची पुलिस ने प्रदर्शनकारियों के साथ बदसलूकी की।
क्या है पूरा मामला
महोबा सदर तहसील क्षेत्र के रैपुरा कलां को जोड़ने वाला लगभग 3 किमी का रास्ता पूरी तरह गड्ढों में तब्दील है। जगह-जगह जलभराव और खुदाई की वजह से बच्चों का स्कूल जाना मुश्किल हो गया है। बच्चों और अभिभावकों का कहना है कि इस रूट पर दाल मिलों के ओवरलोडेड ट्रक और मिलों का गंदा पानी सड़क पर बहाए जाने से हालात और खराब हुए हैं।
रैपुरा के अलावा मझलवारा, बनियातला और महानपुरा गांवों को जोड़ने वाला यही एकमात्र रास्ता है। शिकायतों के बाद भी सुनवाई न होने पर Gen Alpha के बच्चों का सब्र टूट गया और उन्होंने लकड़ी-पत्थर रखकर झांसी-मिर्जापुर हाईवे को जाम कर दिया।
छात्रों के गंभीर आरोप
1. बल प्रयोग: आरोप है कि सूचना पर पहुंची शहर कोतवाली पुलिस और तहसीलदार अभिषेक मिश्रा ने बातचीत की बजाय बच्चों को घसीट-घसीट कर सड़क से हटाया।
2. धमकी: छात्राओं द्वारा मानव श्रृंखला बनाए जाने पर उन्हें माता-पिता के खिलाफ कार्रवाई और लाठीचार्ज की धमकियां दी गईं।
3. लापरवाही: बच्चों का कहना है कि मिल संचालक विरोध करने पर धमकाते हैं और आए दिन ई-रिक्शा-ऑटो पलटने से बच्चे चोटिल हो रहे हैं।
छात्रों का कहना है - "एक तरफ सरकार पढ़ाई की बात करती है, दूसरी तरफ टूटी सड़कों की वजह से हम स्कूल लेट पहुंच रहे हैं।"
प्रशासन का पक्ष
मौके पर पहुंचे तहसीलदार अभिषेक मिश्रा ने पूरे मामले को संबंधित विभाग तक पहुंचाकर जल्द सड़क निर्माण कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद ही करीब 3 घंटे बाद यातायात बहाल हो सका।
फिलहाल पुलिस की कार्रवाई को लेकर बच्चों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। मामला अब सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रहा है।


