बरेका में सार्वजनिक खरीद पर विशेष व्याख्यान, पारदर्शिता और दक्षता पर जोर
सतर्कता जागरूकता अभियान: बरेका में 'ट्रांसफॉर्मिंग पब्लिक प्रोक्योरमेंट' पर मंथन
INDIA NEWS REPORT
कुलदीप बरनवाल
वाराणसी। बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) में सतर्कता जागरूकता अभियान-2026 के तहत बुधवार को सार्वजनिक खरीद प्रक्रिया को पारदर्शी और दक्ष बनाने को लेकर विशेष व्याख्यान का आयोजन किया गया।
प्राविधिक प्रशिक्षण केंद्र के सेमिनार हॉल में आयोजित कार्यक्रम का विषय “Transforming Public Procurement in India – Transparency, Efficiency & Inclusiveness” रहा। इसमें कोंकण रेलवे, नवी मुंबई के भंडार नियंत्रक अरुण मेहता ने मुख्य वक्ता के रूप में शिरकत की।
कार्यक्रम का शुभारंभ महाप्रबंधक आशुतोष पंत और अतिथि वक्ता अरुण मेहता के पौधरोपण के साथ हुआ। मुख्य सतर्कता अधिकारी अंकुर चंद्रा ने अतिथि का स्वागत किया।
महाप्रबंधक आशुतोष पंत ने कहा कि सार्वजनिक खरीद किसी भी बड़े संगठन का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसमें पारदर्शिता, गुणवत्ता, निष्पक्षता और जवाबदेही सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों से अनुभवी अधिकारियों से सीखने और अपना अनुभव नई पीढ़ी को देने पर जोर दिया।
अतिथि वक्ता अरुण मेहता ने दो सत्रों में QCBS (Quality and Cost Based Selection) की अवधारणा, खरीद में गुणवत्ता और लागत के बीच संतुलन, और सतर्कता के दृष्टिकोण से बरती जाने वाली सावधानियों पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने सार्वजनिक खरीद के चार प्रमुख स्तंभों और केस स्टडी के जरिए वास्तविक चुनौतियों और उनके समाधान को समझाया।
द्वितीय सत्र में पब्लिक प्रोक्योरमेंट एंड विजिलेंस पर्सपेक्टिव पर चर्चा हुई, जिसमें निर्णय प्रक्रिया में पारदर्शिता और प्रक्रियात्मक शुचिता पर फोकस रहा। अधिकारियों-कर्मचारियों ने व्यावहारिक सवाल भी पूछे।
अंत में महाप्रबंधक द्वारा अतिथि वक्ता को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। मुख्य सतर्कता अधिकारी अंकुर चंद्रा ने 'काशी का इतिहास' और 'अंधेर नगरी' पुस्तक भेंट की।
इस अवसर पर PCME मनीष कुमार, PCME विवेक शील, PCMM आलोक अग्रवाल, PFA मुक्तेश मित्तल, PCE राम जन्म, PCPO लाल जी चौधरी, PCMD डॉ. सुनील कुमार, IG cum PCSC देवराज कुमार मौर्य, DGM सागर सहित बड़ी संख्या में अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन अनूप सिंह वत्स ने किया।


