गांधी जयंती पर सियासी भूचाल: ज्ञानेश कुमार के खिलाफ दिल्ली से बेंगलुरु तक हल्ला-बोल, 700 से ज्यादा हिरासत में, शिवाजी पार्क में नसीरुद्दीन शाह भी उतरे

2 अक्टूबर को गांधी जयंती पर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर जंतर-मंतर, शिवाजी पार्क और फ्रीडम पार्क में प्रदर्शन। AAP, कांग्रेस के 700 नेता हिरासत में, आगरा में घर पर कालिख, SIR विवाद पर सियासत तेज।

गांधी जयंती पर सियासी भूचाल: ज्ञानेश कुमार के खिलाफ दिल्ली से बेंगलुरु तक हल्ला-बोल, 700 से ज्यादा हिरासत में, शिवाजी पार्क में नसीरुद्दीन शाह भी उतरे

                           INDIA NEWS REPORT

कुलदीप बरनवाल 

नई दिल्ली/मुंबई/बेंगलुरु/लखनऊ | 02 अक्टूबर 2026

गांधी जयंती के मौके पर देश की सियासत गरमा गई। मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर गुरुवार को दिल्ली के जंतर-मंतर से लेकर मुंबई के शिवाजी पार्क और बेंगलुरु के फ्रीडम पार्क तक एक साथ प्रदर्शन हुए।

विपक्ष और छात्र संगठनों का आरोप है कि SIR (Special Intensive Revision) के नाम पर देशभर में 13 करोड़ वोटरों के नाम वोटर लिस्ट से काटे गए हैं, जो सीधे-सीधे दलित, पिछड़े, आदिवासी और अल्पसंख्यक समाज के वोटरों को टारगेट करता है।

जंतर-मंतर बना छावनी, घसीट-घसीट कर बसों में भरे गए नेता

दिल्ली में सुबह 11 बजे से ही AAP, कांग्रेस, NSUI, AISA, SFI, DYFI के हजारों कार्यकर्ता जंतर-मंतर पहुंचने लगे। दिल्ली पुलिस ने पहले से BNSS की धारा 163 लागू कर 12 मेट्रो स्टेशन बंद कर दिए थे, 3 लेयर बैरिकेडिंग और ड्रोन से निगरानी की जा रही थी।

जैसे ही "वोट चोर गद्दी छोड़ो" के नारे लगे, पुलिस ने कार्रवाई शुरू की। Rexpress Bharat को मिली ग्राउंड रिपोर्ट के मुताबिक पूर्व CM आतिशी, सौरभ भारद्वाज, संजय सिंह, अनुराग ढांडा समेत 700 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया गया।

AAP नेता सौरभ भारद्वाज को पुलिसकर्मी हवा में टांग कर बस में ले गए, जिसका वीडियो वायरल है। भारद्वाज ने आरोप लगाया कि "पुरुष पुलिसकर्मियों ने महिला प्रदर्शनकारियों के प्राइवेट पार्ट्स पर हाथ डाला।" हालांकि दिल्ली पुलिस ने इस आरोप पर अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है। शाम तक सभी को फतेहपुर बेरी और नरेला थानों से रिहा कर दिया गया।

शिवाजी पार्क में CJP का शक्ति प्रदर्शन, नसीरुद्दीन शाह और विशाल डडलानी पहुंचे

मुंबई के शिवाजी पार्क में Cockroach Janata Party (CJP) ने "Jail Bharo Andolan" किया। पुलिस ने परमिशन नहीं दी थी, दादर स्टेशन से आने वाले रास्ते बंद थे, फिर भी हजारों युवा पहुंचे।

मंच पर अभिनेता नसीरुद्दीन शाह CJP चीफ अभिजीत दीपके को गले लगाते दिखे, सिंगर विशाल डडलानी ने "Go Gyanu Go" का नारा लगाया। एक दिन पहले Marine Drive पर दीपके को briefly detain किया गया था। यहां कोई बड़ी गिरफ्तारी नहीं हुई।

बेंगलुरु फ्रीडम पार्क में 'GYA-NO' के पोस्टर, कर्नाटक CM का धरना

बेंगलुरु के फ्रीडम पार्क में AISA ने "No NRC! No SIR!", "GYA-NO" और "Gyanesh it's done bro" के बैनर के साथ प्रदर्शन किया। AISA सचिव आरात्रिका ने कहा - हमारी 3 मांगें हैं - fair election, SIR पर रोक और ज्ञानेश का इस्तीफा।

वहीं CM डीके शिवकुमार ने अपने मंत्रियों के साथ कर्नाटक के मुख्य चुनाव अधिकारी के दफ्तर के बाहर धरना दिया और SIR में गड़बड़ी पर FIR की मांग की। यहां दोनों जगह प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा।

UP में घर पर कालिख, FIR और गिरफ्तारी

आगरा में ज्ञानेश कुमार के घर के बाहर "Gyanesh Gaddar, Gyanesh Chor" स्प्रे पेंट किया गया और कालिख पोती गई। हरि पर्वत थाने में FIR दर्ज कर कांग्रेस नेता मुकेश धनगर और अनिल यादव को गिरफ्तार किया गया। लखनऊ, वाराणसी, प्रयागराज, अयोध्या, मथुरा समेत 10 जिलों में पुतला दहन हुआ।

बीजेपी ने कहा - ये हताशा का प्रचार

बीजेपी प्रवक्ता अजय आलोक ने कहा - "प्रदर्शन लोकतंत्र में जायज है, पर अनुमति लेनी पड़ती है, नियम तोड़ोगे तो हिरासत होगी।" प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा - "ये चुनावी हार की हताशा है, पारदर्शी चुनाव के बाद कांग्रेस का झूठा प्रचार है।" महाराष्ट्र मंत्री योगेश कदम ने कहा - "SIR हर 24 साल में होता है, ये घुसपैठियों और फर्जी वोटरों के नाम हटाने की प्रक्रिया है, इसे राजनीतिक रंग देना मूर्खता है।"

आगे क्या: CJP ने ऐलान किया है कि अगर ज्ञानेश कुमार ने इस्तीफा नहीं दिया तो 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू होगा, जो गोवा, बेंगलुरु, कोलकाता, रांची से होते हुए दिल्ली पहुंचेगा।